हाफ इंडियन कजिन की चूत पेली

मैं बस ऑफिस से लौटा ही था कि मम्मी का नंबर मेरे मोबाइल पर फ़्लैश होने लगा, मैंने कॉल रिसीव किया तो उन्होंने बताया की मेरी छोटी मौसी की बेटी रिनाया अपने किसी सोशल प्रोजेक्ट पर ऑस्ट्रिया से इंडिया आ रही है. मैंने कहा “ठीक है तो आने दो” तो मम्मी ने मेरे सर पर बम फोड़ा की रिनाया दिल्ली में होस्टल में नहीं रहना चाहती इसलिए वो मेरे साथ रहेगी क्यूंकि मेरे पास फ्लैट है जो मुझे पापा ने जॉब लगने के एक साल में ही दिलवा दिया था ताकि मेरी मोटी कॉर्पोरेट सैलरी इधर उधर बर्बाद ना हो बल्कि मैं उस से फ्लैट की किश्तें चुकाऊं.

खैर पापा ने जो किया वो किया लेकिन मेरी माँ मेरे फ्लैट को धर्मशाला क्यूँ बनाने जा रही थी, वैसे देखा जाए तो मेरा फ्लैट धर्मशाला ही था क्यूंकि आए दिन उस में मेरे कॉलेज फ्रेंड्स में से कोई ना कोई आ धमकता था और लम्बा ही टिकता था. मैंने हाँ तो कह दी थी लेकिन इस में एक नया पेच और था कि रिनाया की फ्लाइट फ्राइडे नाईट को आने वाली थी और मैं उस दिन पार्टी में जाना चाहता था, अब ड्रिंक एंड ड्राइव करता तो दिल्ली पुलिस के बड़े बड़े डंडे और फाइन कौन झेलता इसलिए मैंने पार्टी में जाना कैंसिल कर दिया.

मम्मी ने बताया था की रिनाया के पास मेरा नंबर है और वो मुझे कॉल भी करेगी पर फिर भी मैं वक़्त पर एअरपोर्ट पहुँच गया, काफी देर तक इंतज़ार करने के बाद जब मुझे फ्लाइट आने का पता चला तो मैं भी एक्साइटेड भीड़ में खड़ा हो गया. भीड़ में सबसे पहले मुझे रिनाया दिखाई दी, मैं उसे पहचानता था क्यूंकि वो मेरे फेसबुक फ्रेंड्स में एडेड थी. मैंने वेव किया तो वो अपना बैगेज ले कर आगई, हम पार्किंग में गए मैंने कार उड़ा दी घर की तरफ क्यूँकी मैंने उसके लिए रेड वाइन और अपने लिए स्कॉच की बोतल ले ली थी. अब ये वाइन का आईडिया भी मुझे उसके फेसबुक फोटोज से ही चला था जिस में वो वाइन गिलास से चियर्स कर रही थी.

रिनाया एक्चुअल में मेरी छोटी मौसी और उनके ऑस्ट्रियन पति की बेटी थी, मौसी मौसा जी डेल्ही यूनिवर्सिटी में मिले थे जब मौसा जी वहां फाइन आर्ट्स के एक रिसर्च प्रोग्राम में साल भर के लिए आए थे. खैर मैं यहाँ उनके लव और मैरिज की कहानी नहीं बल्कि एक भड़कती हुई दास्ताँ सुनाने आया हूँ. फ्लैट पर पहुँच कर मैंने रिनाया को गेस्ट रूम दिखाया और फ्रेश होने को कहा, वो फ्रेश हो कर वापस आई तब तक मैंने उसके लिए ग्लास में वाइन और अपने लिए स्कॉच का ड्रिंक बना लिया था.

ये सब देख कर रिनाया हँसने लगी क्यूंकि वो वाइन नहीं पीती थी वो तो उसने सिर्फ साथ देने के लिए एक ड्रिंक लिया था, दरअसल उसे भी मेरी तरह स्कॉच ही पसंद था. मैंने अपने ड्रिंक में आइस डाला और उस से पूछा तो वो बोली “मैं बिना आइस के ही लूँगी”. मैं न्यूज़ देखते हुए अपना ड्रिंक ले रहा था और रिनाया बोर शक्ल बना रही थी, मैंने ध्यान से देखा तो उस ने अपना ड्रिंक ख़त्म भी कर लिया था. मैंने रिनाया से कहा “देखो मैं स्लो ही पीता हूँ तुम चाहो तो अपना ड्रिंक बना लेना मेरा वेट मत करना”, रिनाया ने कहा “इट्स ओके” और तभी डोर बेल बजी.

टेक अवे वाला डिलीवरी ले कर आ गया था, मैंने उसे पेमेंट किया और टिक्के वगेरह सर्वे करने के लिए किचन में चला गया तो क्या द्देखता हूँ रिनाय मेरा और अपना ड्रिंक ले कर वहीँ आ गयी. हमने स्नैक्स प्लेट्स में डाले और बाहर आ कर ड्रिंक्स के साथ स्नैक्स लेने लगे, रिनाया ने बात शुरू की और वो मुझे अपने सोशल प्रोजेक्ट के बारे में बताने लगी. दो तीन ड्रिंक्स हो चुके थे और हम अब काफी खुल चुके थे, मैंने उसे बताया की किस तरह उसने मेरी फ्राइडे नाईट की पार्टी खराब कर दी तो उसने हँसते हुए बोला “हाउ मीन, तुम अब भी तो पार्टी कर रहे हो बस अपनी दोस्तों के साथ नहीं बल्कि अपनी कजिन के साथ”.

मैंने भी कहा “नहीं नहीं अब मुझे ज्यादा मज़ा आरहा है, वहां कौनसी लडकियाँ मुझसे बात ही कर लेतीं” तो रिनाया ने कहा “क्यूँ नहीं करतीं, अच्छे खासे दीखते हो बातें भी अच्छी कर लेते हो और जो खुद स्कॉच पीता है वो लड़की को एक ड्रिंक तो ऑफर करना अफ्फोर्ड कर ही सकता है”. अब चौथे ड्रिंक की शुरुआत हो चुकी थी तो मैंने उसे बताया कि पढने, कॉलेज टॉप करने और फिर जॉब में लगने के बीच लड़कियों से इतना इंटरेक्शन हुआ ही नहीं तो मैं कभी उन से इतना खुल ही नहीं पाया.

रिनाया को काफी आश्चर्य हुआ कि कोई अच्छी जॉब पाने के प्रेशर में इतना कैसे दुनिया से कट सकता है वो भी गर्ल्स से, फिर उस ने मुझसे कहा “डोंट टेल में यू आर अ वर्जिन” तो मैंने कहा “नो नो मेरे कॉलेज टाइम में एक आउटिंग ट्रिप पर एक लड़की और मैंने एक दुसरे के साथ अपनी वर्जिनिटी लूज़ की थी और उसके बाद कुछ महीनों तक हमारा अफेयर भी चला लेकिन फिर उसकी शादी हो गई और मैं एम् बी ए के लिए निकल पड़ा और फिर बिजी हो गया”. रिनाया ने अपनी उँगलियों पर हिसाब लगाया और कहा “माय गॉड तो तुमने लास्ट चार सालों में सेक्स नहीं किया” मैं हंसा और बोला “चार नहीं सिर्फ तीन साल दस महीने बाईस दिन” तो वो और जोर से हँस पड़ी “तुम्हारा सेन्स ऑफ़ ह्यूमर गज़ब का है” तो मैंने कहा “अब कोई मेरी बेचारगी के सच को मेरा सेंस ऑफ़ ह्यूमर समझे तो मेरी क्या गलती”.

रिनाया इतनी जोर जोर से हँस रही थी की उस रात के सन्नाटे में सिर्फ उसकी हँसी ही गूँज रही थी, मैंने उसके मुंह पर हाथ रखा और कहा “लोग मुझे सोसाइटी से बाहर फिंकवा देंगे” तो वो चुप हो गई, हम दोनों काफी करीब थे उसकी फिरंग नशीली आँखों में मदहोशी छाई हुई थी और चेहरे पर एक मुस्कान के साथ बदमाशी भी थी. हम दोनों एक दुसरे की साँसों को सुन पा रहे थे, तभी रिनाया ने साइलेंस तोड़ा और कहा “अगर तुम मेरे कजिन नहीं होते तो शायद मैं तुम्हारे साथ सेक्स करने में इंटरेस्टेड भी होती”.

मैं चुप घुन्ना सा हक्का बक्का ये सुन रहा था और वो कहती जा रही थी “तुम इंसान अच्छे हो ह्यूमरस हो, अच्छा कमाते भी हो और दिखते भी इतने शांत और सोबर हो की कोई लड़की तुम्हे ना नहीं कहेगी”. मेरे मुँह से निकला “तुम भी नहीं” तो वो मुस्कुराई और बोली हाँ मैं भी नहीं, लेकिन” मैं गहरी साँस ले कर बोला “हम्म लेकिन”. अब हमने बैठ कर बाकी की बोतल भी ख़त्म की खाना खाया और अपने अपने कमरे में चले गए, मैंने अपने कमरे में जा कर रिनाया के बारे में सोचने लगा और अपने फ़ोन से फेसबुक में उसकी तस्वीरें देख कर अपने लंड को मसलने लगा कि तभी मुझे आहट महसूस हुई. और मैं बेड से उठता उस से पहले ही रिनाया मेरे कमरे में दाखिल हो चुकी थी.

मैंने उसे गौर से देखा तो हलकी रौशनी में भी मुझे उसके भरे हुए दूधिया चुचे साफ़ नज़र आ रहे थे, तो क्या इसका मतलब उसने कुछ नहीं पहन रखा था. मैंने कहा “रिनाया” उसने जवाब दिया “हाँ” मैंने पूछा “क्या हुआ” उसने कहा “होना तो चाहिए” मैंने अपने गले का थूक गिटक कर कहा “लेकिन तुम”. इसके बाद रिनाया मेरे करीब आ गयी और उसने मेरा सर पकड़ कर अपने नाभि पर लगा दिया, उसके शरीर से किसी बहुत अच्छी क्रीम की खुशबु आ रही थी खिड़की से आती रौशनी में उसका बदन एक संदली साए की तरह मेरे सामने खड़ा था.

वो भरा हुआ बदन, जूसी चुचे और उन पर वो हलके गुलाबी रंग की निप्प्ल्स मैं सब महसूस कर पा रहा था क्यूंकि मैं अब भी बेड पर बैठा था और रिनाया मेरे सामने मेरा मुन्हापने बदन से सटाकर ऊपर नीचे हो रही थी. फिर रिनाया पलटी और अब मैं खुद भी अपने होंठ उसके बदन पर छुआ रहा था, वो किसी प्रोफेशनल डांसर की तरह एक लय में ऐसे मेरे आगे मटक रही थी की मैं हैरान रह गया. अब उसने मटकते हुए अपने बाल खोल कर मेरे चेहरे पर मारने शुरू किए तो मैं और भी गर्म हो गया पर क्या करता जैसे ही मैं उसे अपने हाथों से छूने जाता वो मेरे हाथ पर मार देती बस वो अपना ये खेल जारी रखे हुए थी.

अब रिनाया ने मटकते हुए अपने शानदार भरे भरे चुचे मेरे मुंह से छुआ छुआ कर नाचना शुरू किया उसके चुचे टाइट थे और निप्प्ल्स भी कड़क थे. मुझे मज़ा आरहा था मैं उन रस भर चुचों को छूना चाहता था पर वो अब भी मेरे हाथ पर मार रही थी, शायद वो एक अजब खेल से मुझे तरसाना चाहती थी. मैंने भी ठान लिया की अब के हाथ नहीं लगाऊंगा लेकिन तबभी रिनाया ने अपने चुचे को मेरे मुंह के पास लगा कर कहा “यू वांट दिस” तो मैंने कहा “यस बेब”. बस फिर क्या था रिनाया ने अपने चुचे को मेरे मुंह में भर दिया जिसे मैंने जी भर के चूसा और फिर इसी तरह दुसरे चुचे को भी चूसने लगा.

रिनाया ने मुझे बेड पर पीठ के बल गिरा दिया और ऐसे ही मटकते नाचते उसने अपनी कसी हुई जवान चूत मेरे मुंह पर टिका दी, इस से पहले मैंने कभी चूत चाटी नहीं थी बस विडियोज में ही देखा था पर अब जब सामने थी तो चाटने में क्या गुरेज़. सो मैंने भी उसकी चूत को बिलकुल उन विडियोज के ही स्टाइल में चाटना शुरू किया. वो बहट ही आराम से सब कर रही थी, जैसे ही वो मेरे मुंह से अपनी चूत दूर ले गई तो मैंने कहा “बस तुम्हारा हो गया” तो बोली “नहीं अभी और करेंगे लेकिन पहले हम सेक्स करेंगे”.

कहाँ तो मैं पूरा थ्री कोर्स मील लेने के मूड में था और कहाँ वो अभी से फाइनल कोर्स पर आना चाहती थी, उसने मेरे ऊपर बैठ कर मेरे लंड पर अपनी चूत रगडनी शुरू की तो मैंने कहा “मुझे लोअर और अंडरवियर तो उतार लेने दो” उसने कहा “पहले तुम ढंग से गर्म तो हो जाओ”. मुझे लगा ये कैसी बात हुई मेरा लंड तो तभी से खड़ा हो गया था जब मैंने उसके चुचे पर अपने होंठ लगाये थे, फिर ये गरम होने की क्या बात कर रही थी. खैर उसने चूत रगड़ना जारी रखा और मैं उसकी चुचियों को मसल रहा था.

रिनाया अपने मुंह में कुछ बुदबुदा रही थी जिस पर पहले मेरा ध्यान नहीं गया था, मैंने उसे देखने लगा और थोड़ी ही देर में मैं अपने अन्दर एक ऐसी शक्ति महसूस करने लगा की मैंने रिनाया को अपने ऊपर से उठाकर बिस्तर पर पटक दिया. रिनाया ने अपनी बाहें फैलाईं तो मैंने उसके दोनों हाथ पकड़ कर चौड़े कर  दिए, अब मैं उसके चुचों पर अपने मुंह से मेहनत करने लगा और वो “ऊऊह्ह्ह्ह अआह्ह्ह वाओ दिस इज इट” चिल्लाने लगी. मुझे खुद आश्चर्य हो रहा था की मैं किसी लड़की को ऐसे पागल कैसे कर सकता हूँ, मगर देखा जाए तो मैंने कर रहा था अब मैंने अपनी एक ऊँगली उसकी चूत में पेल कर उसे ज़बरदस्त रगड़ना शुरू किया.

मैं अब रिनाया पर हावी हो रहा था जिसका वो पूरा मज़ा ले रही थी, सच में मुझे आश्चर्य हो रहा था की मैं पहले से ज्यादा कॉन्फिडेंस से रिनाया पर टूट पड़ा था. उसकी चूत अच्छी खासी गर्म हो चुकी थी और रिनाया ने कहा “प्लीज़ अब तुम्हारा वक़्त आ चुका है, शुरू करो”. मैंने रिनाया की चूत में डालने के लिए अपना लंड सीधा किया तो मेरी फट के हाथ में आ गयी क्यूंकि मेरा लंड अपने नार्मल साइज़ से दोगुना बड़ा हो कर आठ इंच लम्बा और तीन इंच मोटा हो गया था. रिनाया मुझे देख कर मुस्कुरा रही थी और मैं अब तक हैरान था तो उस ने मुझे कहा “घबराओ मत तुम्हारा ही है ये और इसी से तुम मुझे सेटिस्फाई करोगे”.

मैंने पूरे जोश के साथ अपना लंड रिनाया की चूत में पेल दिया और दो मिनट तक धक्के लगाने के बाद मैं अपने घुटने मजबूती से बेड पर  टिकाए और रिनाया की चूत में से लंड बिना निकाले उसे उठा कर अपने सामने खड़ा किया और ऐसे ही घुटनों पर टिके टिके मैंने उसे चोदा. मुझे आश्चर्य इस बात कर था की मेरा लंड अभी तक रिनाया की चूत में था और इतने मोवेम्मेंट के बाद भी नहीं निकला था. रिनाया मुझसे चिपट गई और मेरी पीठ सहलाते हुए “ऊओह अआह्ह्ह फक मी यस गुड मोर प्रेशर प्रेस माय बट” चिल्ला रही थी, मैं अपनी गांड पर बैठ गया और अब रिनाया और मैं क्रॉस लेग्स कर के आमने सामने बैठे थे.

रिनाया ने कहा “वाओ तुम्हे तो कामसूत्र की लोटस पोजीशन भी आती है” मैं फिर हैरान क्यूंकि मैंने तो आज तक मिशनरी के अलावा कुछ ख़ास नहीं किया था क्यूंकि मुझे लड़की के डर के मारे भाग जाने का डर रहता था. हम बड़े ही मज़े से चुदाई कर रहे थे और रिनाया तो अब खुद मेरे लंड पर उछल उछल कर ऊपर नीचे हो रही थी, मैं  ये सोच कर भी हैरान था की रिनाया की छोटी सी चूत मेरे बड़े और मोटे लंड को कैसे झेल पा रही थी. पता नहीं ये क्या हो रहा था और ये हो भी रहा था या नहीं क्यूंकि ये सब एक सपना सा ही लग रहा था, मैंने ये सब सोच ही रहा था की मैंने खुद को ही आश्चर्य चकित करने वाला काम कर दिया.

मैंने उसी हालत में बैठे बैठे रिनाया को अपनी बाहों में उठाया और उसकी चूत से निकाल कर उसकी गांड पर टिका दिया और बैठे बैठे ही जोर से पेल दिया, रिनाया एक चीख के साथ अब भी उछल रही थी उसकी आँखों से आँसू निकल रहे थे लेकिन वो अब भी उछल रही थी और मेरे लंड को अपनी गांड में गहराई तक ले रही थी. हमने फिर से पोजीशन चेंज की और अब मैंने उसे दीवार के सहारे खडा कर के उसकी एक टांग को हाथ में उठा कर उसकी चूत में लंड पेलना शुरू किया, ये सब बिलकुल मेरी कल्पनाओं के जैसा था लेकिन मज़े की बात ये थी कि ये सब सच में हो रहा था.

रिनाया ख़ुशी और दर्द से चिल्ला रही थी मैं तेज़ तेज़ धक्के लगा रहा था और तभी मेरे रूम के दरवाज़े पर किसी के नॉक करने की आवाज़ आई. मैंने मन ही मन सोचा की दरवाज़ा तो मैंने बंद किया ही नहीं था फिर ये कौन था, मैं यहाँ अपने चरम सुख की तरफ बढ़ रहा था और ये कौन कमीना था जो इस वक़्त दरवाज़ा ठोक रहा था. एक और बार नॉक करने की आवाज़ आने पर मैंने चिल्ला कर कहा “कौन है वहाँ” उधर से जवाब आया “रिनाया हूँ”. मेरे तोते उड़ गए और एक झटके में मेरी नींद खुल गई, मेरा फ़ोन जिस में रिनाया का फोटो खुला पड़ा था वो अब भी मेरे पास पड़ा था और मेरा हाथ अब भी मेरे लोअर में ही था.

मैंने लोअर से हाथ बाहर निकाला, फ़ोन पर से रिनाया का फोटो बंद किया और गेट खोला तो रिनाया बिना कपड़ों के एक हाथ में वाइन की बोतल लिए खड़ी थी. इस बार मैंने अपने आप को चांटे लगाने शुरू कर दिए कि साला फिर से सपना आ रहा है और मेरी इस हरकत से रिन्य इतनी डर गई कि बेचारी चुपचाप अपने कमरे में घुस गई. मैं ना तो उसे कभी समझा पाया कि उस रात क्या हुआ और क्यूँ हुआ और ना ही कभी उसे चोद पाया. लेकिन आपकी गांड जलाने के लिए उसका फोटो शेयर कर रहा हूँ, अपने लोअर में हाथ दे कर इसे देखना ज़रूर.