दोस्त की माँ की प्लानिंग – Dost ki maa ki planning

हेलो दोस्तो मेरा नाम Kamukta सूरज ठाकुर है मैं अमरावती मे रहने वाला लड़का हूँ और मैं एक सामान्य फेमिली से बिलोंग करता हूँ. आपको मेरी पिछली स्टोरी बहुत पसंद आई. मैने आपको बताया था की मेरे दोस्त की माँ अनु ने मुझे क्या बर्थ डे गिफ्ट दिया था आज मैं आपको आगे की स्टोरी बताने वाला हूँ मेरे बर्थ डे के बाद मुझे अनु अकेले में मिलती ही नही थी मैं उसे चोद नही पाता था मैं हमेशा अपने दोस्त अमोल के घर जाता रहता हूँ तो मुझे पता चला की अमोल के पापा की माँ की तबीयत ठीक नही थी और अंकल आंटी को उनसे मिलने जाना था मार्च आने वाला था तो अंकल जा नही सकते थे क्योकी अंकल वॉटर सप्लाई का काम करते है और अंकल को फरवरी से ही काम का लोड होता है तो मैं अमोल के घर गया तो अंकल आंटी और अमोल बैठ कर बाते कर रहे थे.

मैंरे घर पर पहुँचते ही अनु बहुत खुश हो गयी और मुझे चोरी से फ्लाइयिंग किस दिया तो मैने छोटी सी स्माइल दी अमोल ने मुझे अपने पास बैठा कर सारी बाते बताई मैने अमोल से पूछा तू क्यों नही जा सकता तो अमोल ने कहा की उससे कल सुबह ही नागपुर जाना है बैंक की परीक्षा देने के लिये तो मैने कहा की मैं आंटी को पुणे नानी के पास लेकर जाता हूँ तो अमोल बोलने लगा तुझे सफर पसंद नही है तो भी तू मम्मी को पुणे लेकर जायेगा मैने कहा तो क्या हुआ तेरी माँ मेरी भी तो माँ है ना तो अनु मेरी तरफ देख कर हंसने लगी तो अंकल ने भी हाँ कर दी और अमोल को कहा की जाकर आज रात की बस की बुकिंग कर दे तो मैं और अमोल निकल कर बस के ऑफीस पहुँच गये पता चला की बस की एक भी सीट खाली नही है तो हम सब सोच मे पढ़ गये.

फिर अमोल ने कहा की एक काम करते है सूरज की स्कॉर्पियो तो खाली है तो और सूरज को लोंग ड्राइविंग का एक्सपीरियन्स भी है तो मम्मी और सूरज गाड़ी से ही चले जायेगे तो मैं थोड़ा सा उदास हो गया क्योकी मैं अनु को चोद नही पाउँगा फिर भी मैने हाँ बोल दिया रात को मैं गाड़ी लेकर अमोल के घर गया तो अंकल आंटी सब तैयार थे अंकल ने मुझे पैसे दिये ताकि मैं गाड़ी मे पेट्रोल डला सकूँ मैने नही कहा पर अंकल ने पैसे दे ही दिये थोड़ी देर मे अमोल आ गया फिर मैं और अनु गाड़ी मे चल दिये थोड़ी दूर जाते ही अनु मुझे किस करने लगी और बार बार आइ लव यू बोलती रही मैं थोड़ा नाराज़ ही था इसलिये रेस्पॉन्स नही दिया हम नाके पर पहुँचते ही मैने गाड़ी मे पेट्रोल डलवाया और निकल गया तो अनु मुझे पूछने लगी की

अनु – तुम मुझसे नाराज़ हो क्या?

मैं – नही तो.

अनु – तो फिर मुझसे ठीक से बात क्यों नही कर रहे हो

मैं – ऐसा कुछ नही है माइ लव.

अनु – फिर मुझे किस क्यों नही कर रहे हो.

मैं – अनु मैं तुम्हारे साथ फिर से वो करना चाहता हूँ और अब हो नही सकता ना इसलिये थोड़ा मूड ऑफ है.

अनु मस्ती मे आकर अपने हाथ कन्धो पर क्रॉस करके बोली.

अनु – तुम मेरा रेप तो नही करना चाहते हो.

मैं चुप हो गया और रोड पर देखने लगा.

मैं – मेरी बहुत इच्छा है तुझे चोदने की.

अनु – तो तुम मुझे कभी भी चोद सकते हो सूरज किसने रोका है तुम्हे.

मैं आराम से बोला की कैसे चोद सकता हूँ अभी तो हम गाड़ी मे है और कल सुबह हम पुणे भी पहुँच जायेगे फिर कैसे.

अनु – बोलने के लिये तो अपनी गाड़ी खराब भी तो सकती है और हम होटल जा सकते है.

मैं – मुझे कुछ समझ मे नही आया कैसे गाड़ी खराब हो सकती है.

अनु – तू पागल है हम तेरे अंकल और अमोल को बोल देगे की गाड़ी खराब हो गयी है और हम कल सुबह गाड़ी ठीक करा के पुणे पहुँच जायेगे तब तक हम होटल मे रुके है समझे मेरी जान मैं बहुत खुश हो गया और अनु को किस करने लग गया तो अनु भी मुझे किस करते ही जा रही थी 200-250 किलोमीटर के बाद मुझे एक होटल दिखा तो मैंने होटल मे गाड़ी पार्क की और अनु को लेकर होटल मे गया काउंटर पर जा कर मैने एक ए.सी रूम बुक किया और खाना पहुँचाने को कहा.

हम दोनो रूम मे गये तो अनु ने मुझे गले लगा लिया और लिप किस करने की कोशिश करने लगी पर उसकी लम्बाई कम होने के कारण अनु मेरे लिप्स तक नही पहुँच पा रही थी तो मैने अनु की गांड पर हाथ रख कर उसे उठाया और लीप किस करने लगा अचानाक दरवाजे की घन्टी बजी हम अलग हो गये और मैने डोर खोला तो वेटर खाना लेकर आया था मैने खाना लिया और हम एक साथ फ्रेश होने बाथरूम मे चले गये हमने फ्रेश हो कर खाना खाया फिर वेटर को बुला कर टेबेल साफ करने के लिये कहा.

वेटर के जाने के बाद मैने डोर बंद किया और अनु के पास गया और किस करते हुये कहा अमोल को बता देना चाहिये की हम होटल मे है मैने कॉल किया तो अमोल ने नही उठाया तो अनु ने अंकल को कॉल लगाया और अंकल से बात करने लगी मैं अनु के पैरो पर सिर रख कर लेट गया और अनु के ब्लाउज के उपर से ही बूब्स मुँह मे लेने लगा तो अनु अजीब सी आवाज़े निकालते हुये बात कर रही थी अनु ने जल्दी जल्दी अंकल को बताया और फोन कट कर दिया और मुझे किस करने लगी.

मैं – अनु प्लीज जल्दी से साड़ी उतारो ना मैने इस टाइम के लिये बहुत इन्तजार किया है.

अनु – थोड़ी देर रुक सूरज मुझे तुझे कुछ दिखाना है.

मैं – क्या?

अनु – थोड़ी देर रूको तो फिर अनु ने अपनी बेग मे से एक थेली निकाली और बाथरूम मे चली गयी 5 मिनिट के बाद.

अनु ने आवाज़ दी – सूरज अपनी आँखे बंद करो और मैं जब तक ना कहूँ आँखे मत खोलना.

मैं – हाँ ठीक है.

अनु – अब अपनी आँखे खोलो.

मैने देखा तो दंग रह गया अनु ने काली और लाल कलर की नाइट गाउन पहन रखा था मैने अनु को जांघो पर बैठाया और लिप किस करने लगा और अनु भी फिर मैने अनु को बेड पर लेटाया और उसका गाउन निकाल दिया और अनु की चूत चाटने लगा अनु मुझे उपर खीचने लगी लिप किस करने के लिये फिर मैने अपना जीन्स उतारा और मेरा लंड अनु के मुँह मे दे दिया अनु बड़े मज़े से चूसने लगी 5 मिनिट तक चूसने के बाद मैने लंड अनु की चूत मे डाल दिया और उसे जम के चोदने लगा 15-20 मिनिट के बाद हम दोनो का साथ मे पानी निकल गया. इस तरह मैने अनु को 3 बार चोदा और गांड भी मारी फिर सुबह होते ही हम पुणे के लिये निकल गये