दोस्त की चाची को चोदा मुंबई में

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम समीर है और में मुंबई का रहले वाला हूँ। मेरी उम्र 24 साल और मेरे लंड का साईज 7 इंच है। दोस्तों में एक कम्पनी में नौकरी करता हूँ और में अभी तक 5 औरतों के साथ सेक्स कर चुका हूँ। दोस्तों कुछ दिन पहले मैंने एक शादीशुदा आंटी के साथ जमकर सेक्स किया जो अभी करीब एक महीने पहले हमारी सोसाइटी में रहने आई है और वो मेरे एक दोस्त की चाची है। उनका नाम अलका है और वो दिखने में बहुत सेक्सी है और दोस्तों उनकी गांड का कोई जवाब नहीं है इसलिए में हमेशा मेरे दोस्त के घर जाने का मौका देखता रहता और में हमेशा उन्हें अलका भाभी कहकर बुलाता हूँ और में मन ही मन सोचता था कि काश में अपने दोस्त की जगह होता तो हमेशा उसे देख सकता और चोद सकता। वो मुझे देखकर हमेशा मेरे साथ एकदम ठीक ठाक बिल्कुल अपनों जैसा व्यहवार करती थी और मुझे हंसकर बात करती, लेकिन वो बहुत बार अचानक से मेरे सामने झुक जाती थी जिससे मुझे उसके आधे से ज्यादा बूब्स दिख जाते थे और में भी उसे बहुत समय से लाईन देता था, लेकिन मेरी अब तक बात नहीं बन रही थी। एक बार मैंने उस मेरे दोस्त के मोबाईल से उसकी चाची का मोबाईल नंबर निकाला और फिर मैंने उसे एक मैसेज किया और उससे नॉर्मल बातें करने लगा।

दोस्तों में आप सभी को उनकी शादीशुदा लाईफ के बारे में तो बताना ही भूल गया। उनकी शादी को 5 साल हो गया है और उसे अभी तक कोई बच्चा नहीं है, उनकी उम्र करीब 32 साल होगी वो व्यहवार की बहुत ही अच्छी है इसलिए में हमेशा उनके साथ हंसी मज़ाक करता था। मैंने उनसे बहुत दिनों तक नॉर्मल बातें की, लेकिन उन्होंने कभी भी मुझसे यह बात नहीं पूछी कि मुझे उनका मोबाईल नंबर कहाँ से मिला? फिर मैंने थोड़ी हिम्मत करके उनसे उनकी शादीशुदा लाईफ के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि नॉर्मल है, लेकिन मैंने बोला कि नॉर्मल का क्या मतलब। फिर वो बोली कि तुम वो ठीक इंसान नहीं हो जिसके साथ में यह सब बातें शेर करूं। तो मैंने कहा कि अपना एक अच्छा दोस्त समझकर ही मुझे वो सब बता दो। तब उसने कुछ देर सोचकर कहा कि वो अपनी शादीशुदा लाईफ से ज्यादा खुश नहीं है क्योंकि उनका पति उन्हे ज्यादा टाईम नहीं दे पाता है क्योंकि वो सिविल इंजिनियर है और वो बहुत व्यस्त रहता है। मैंने बोला कि यह तो बहुत गलत बात है, वो बोली कि अब क्या कर सकते है, शायद भगवान की यही मर्ज़ी है? तो में बोला कि अगर में होता तो अपनी बीवी को हमेशा खुश रखता और फिर बोला कि ख़ासकर तुम मेरी बीवी होती तो तुम मुझसे कभी भी दुखी नहीं होती और फिर मैंने बोला कि क्यों ना हम कभी बाहर अकेले में मिलते है और कहीं बाहर जाते है। वो बोली कि इन सबसे क्या मिलेगा? और फिर मैंने बोल दिया कि में तुम्हे बहुत खुश करना चाहता हूँ। वो बोली कि नहीं यह बात बिल्कुल गलत बात है। तो मैंने कहा कि यह ग़लत नहीं है, तुम्हे पूरा हक है और फिर यह सिलसिला दो दिन तक चलता रहा, लेकिन उन्होंने यह सब बातें किसी को नहीं बताई, लेकिन फिर आख़िरकार वो एक दिन मान गयी और वो मुझसे बोली कि हम कहीं बाहर घूमने चलते है। मैंने आने वाले शनिवार को बाहर घूमने जाने का प्लान बनाया और उनसे कहा कि हम पास के एक गार्डन में मिलते है और फिर वो मान गयी तो शनिवार को मैंने उन्हे गार्डन में मिलकर स्मूच किया और उनसे अपने लंड को मसाज करवाया और कपड़ो के ऊपर से उनके बूब्स को भी दबाया। तभी वो बोली कि प्लीज़ यह सब इधर मत करो, यहाँ पर कोई भी हमे देख सकता है। तो में उन्हे पास ही के एक लॉज में ले गया मैंने दरवाज़ा और खिड़की बंद करके उन्हे अपनी गोद में उठाया और सीधे बेड पर गिरा दिया। उनको अब तक बहुत सेक्स चढ़ चुका था। वो मेरे लंड पर एकदम टूट पड़ी और मैंने अपनी पेंट और अंडरवियर को उतार दिया और उनको लंड हाथ में दे दिया और उनसे कहा कि अब आप इसे बिना रुके मसाज करो। वो बोली कि जैसी तुम्हारी मर्जी और उसने मेरे लंड की बहुत देर तक जमकर मसाज की और फिर करीब 20-25 मिनट तक सक किया। फिर में उनके बूब्स पर एकदम से टूट पड़ा और मैंने उन्हे चूस चूसकर बिल्कुल लाल कर दिया और अब अपने लंड से बूब्स को मसाज किया और हमने करीब दो घंटे तक ओरल सेक्स भी किया।

फिर मैंने उसको पूरा नंगा किया और फिर में खुद भी नंगा हो गया। वो मेरे लंड की अब बिल्कुल दीवानी हो गयी और उन्होंने कहा कि उन्हे और भी सक करना है और वो मुझसे बोली कि मेरे पति का देखे हुये मुझे बहुत टाईम हो गया है और उनका इससे बहुत छोटा है और फिर थोड़ी ही देर बाद वो मुझसे बोली कि प्लीज़ अब मुझे चोद दो और मेरी चूत की खुजली मिटा दो, प्लीज आज मेरी चूत को शांत कर दो प्लीज। फिर मैंने उन्हे अपने लंड पर बैठाया और चूत में अपना लंड डालने लगा। उनकी चूत थोड़ी टाइट थी जिससे मेरा लंड अंदर नहीं घुस रहा था, मैंने एक ज़ोरदार धक्का मारा और फिर मेरा लंड उनकी चूत को चीरता हुआ अंदर घुस गया, लेकिन वो बहुत ज़ोर से चीखने लगी और उनकी आँख से आँसू भी बाहर आ गये। फिर में उन्हे एक घंटे तक लगातार चोदता रहा और अब वो भी बहुत मज़े लेकर अपने आपको मुझसे चुदवा रही थी। मैंने फिर उसकी गांड में अपना लंड डाल दिया और फिर उनकी गांड भी मारता रहा। अब वो भी उछल उछलकर मुझसे चुदवा रही थी। गांड मारने का तो मज़ा ही कुछ और है और यह आप लोग सब जानते है। दोस्तों मैंने उन्हे घोड़ी बनाकर भी चोदा और फिर अपने मोबाईल में एक ब्लूफिल्म को लगा दिया और ज़ोर ज़ोर से धक्के लगा रहा था और में इस तरह उन्हे ताबड़तोड़ धक्के देकर चोदता रहा और इस आधे घंटे की चुदाई के दौरान में दो बार उनकी चूत के अंदर ही झड़ गया था।

फिर करीब दस मिनट के बाद हम दोनों वहां से उठे और सीधे बाथरूम में चले गये। हमने एक साथ शावर लिया और वहां पर भी मैंने उनके साथ एक बार सेक्स किया और उनकी चुदाई के बहुत मज़े लिए तो वो मुझसे बोली कि में तुम्हारी चुदाई से बहुत खुश हूँ और अब में तुमसे हमेशा ऐसी ही चुदाई की उम्मीद करती हूँ। बस तुम मुझे अपना लंड देते रहना और मेरी चूत की प्यास बुझाते रहना। तुम बहुत अच्छे हो इस तरह की चुदाई का अहसास मुझे आज तक कभी नहीं हुआ। हम दोनों ने कुछ देर तक एक दूसरे को किस किए और फिर अपने अपने कपड़े पहन लिए और फिर हम दोनों वहां से रवाना हो गए, लेकिन उसके बाद मैंने उन्हे एक बार और चोदा और अभी भी किसी अच्छे मौके के इंतज़ार में हूँ और मुझे जब भी मौका मिलता है तो हम फोन पर घंटो सेक्स चेट करते है, लेकिन मेरे दोस्त को अभी तक हम दोनों पर बिल्कुल भी शक नहीं हुआ है ।।